Call us : +91 9798 4543 21
Send email : info@paalonaa.in
Editor's Corner
PaaLoNaa
  • Home
  • About Us
  • All Events
  • Media
    • Editor’s Corner
    • Crimes Against Infants in India – Latest News & Child Protection
    • Media coverage
    • Related Stories
  • Gallery
    • Video Gallery (YouTube)
    • Photo Album
    • Art Gallery
    • Artists
  • Portfolio
  • Supports
  • Contact
  • Home
  • About Us
  • All Events
  • Media
    • Editor’s Corner
    • Crimes Against Infants in India – Latest News & Child Protection
    • Media coverage
    • Related Stories
  • Gallery
    • Video Gallery (YouTube)
    • Photo Album
    • Art Gallery
    • Artists
  • Portfolio
  • Supports
  • Contact
Home    Crimes Against Infants in India – Latest News & Child Protection

Latest News

28 May 2018

क्या वह कुत्तों का निवाला बनने के लिए जन्मी थी…

      
ये भी एक नवजात बच्ची थी, जिसका शरीर पानी से फूल कर पोखर के किनारे लग गया था और कुत्ते उसे अपना आहार बनाने के तैयार थे। घटना दरभंगा के विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र के एमएलएसएम कालेज के सामने स्थित हराही पोखर में सोमवार को घटी। स्थानीय पत्रकार श्री गिरीश कुमार और भाजपा नेता श्री बालेंदु झा ने पा-लो ना को बताया कि एक नवजात बच्ची को जन्म के बाद पोखर में फेक दिया था। जब शव फूल कर पोखर के किनारे लगा तो आवारा कुत्ते उस बच्ची को नोंच कर खाने का प्रयास करने लगे। उसी वक्त एक राहगीर की... Continue Reading..
27 May 2018

बिलखती चीखों को अनसुना करते रहे…

      
वह लगातार रो रही थी, इस उम्मीद में कि कोई उसकी मदद के लिए जरूर आएगा। लगातार चीखने की वजह से उसकी आवाज मद्धम पड़ गई थी। इंसान का चोला औढ़े राहगीर उसकी आवाज सुनते तो रहे, लेकिन पल भर रुक कर माजरा समझने की जहमत किसी ने नहीं उठाई, और जब तक किसी ने ऐसा प्रयास किया, वह खामोश हो चुकी थी, हमेशा के लिए। जिंदगी और मौत की जंग में मौत जीत गई, जिंदगी हार गई। घटना मधेपुरा और पूर्णिंया जिले की सीमा रेखा पर मुरलीगंज भारतीय दूरसंचार निगम के ऑफिस के बगल में एन एच 107 के... Continue Reading..
24 May 2018

अब भी वक्त है, लौट कर गले लगा लो अपनी लाडली को…

      
वह बच्ची चादर में लिपटी थी और ट्रेन की बोगी के दरवाजे के समीप वाली बर्थ पर ही लेटी हुई थी। कपड़ों की गठरी सी प्रतीत हो रही उस बच्ची पर यात्रियों का ध्यान तब गया, जब उसने रोना शुरू किया। घटना डालटनगंज से गढ़वारोड स्टेशन के बीच कजरी स्टेशन पर गुरुवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे घटी। डालटनगंज से पत्रकार श्री नीरज कुमार एवं आकाशवाणी की उद्घोषिका श्रीमती अनुपमा तिवारी जी ने पा-लो ना को घटना की जानकारी दी, जिसकी पुष्टि रेलवे कर्मचारी श्री अरविंद सिन्हा एवं श्री पंकज किशोर ने भी की। घटना की जानकारी देते हुए प्रत्यक्षदर्शी... Continue Reading..
24 May 2018

संवेदनशील और सक्रिय प्रयासों से ही रोका जा सकेगा इन्हें…

      
उसका शव पानी में तैर रहा था और उसके मुंह में ऑक्सीजन पाईप व हाथ में कैनुला लगा हुआ था। ये इस बात का गवाह था कि बच्ची अस्पताल में भी रही थी। घटना बाबानगरी देवघर के पुरनदाहा पुल के पास गुरुवार दोपहर को घटी। स्थानीय पत्रकार श्री रजनीश ने पा-लो ना को बताया कि नगर थाना क्षेत्र के पुरनदाहा पुल में दोपहर को एक नवजात बच्ची का शव तैरता दिखाई दिया। बच्ची के मुंह में ऑक्सीजन का पाईप और हाथ में कैनुला भी लगा हुआ है। ऐसा लगता है कि बच्ची की मौत इलाज के दौरान ही हो गई... Continue Reading..
24 May 2018

और यूं तय किया उस नन्हीं मासूम ने जमीन से जीवन तक का सफर…

      
वह जमीन पर पड़ी थी, मिट्टी से सनी, उसी का एक हिस्सा नजर आ रही थी। कोई हरकत या हलचल नहीं। प्रचंड गर्मी, शरीर पर कोई कप़ड़ा नहीं। ये नफरत किसकी थी, किससे थी, क्यों थी, जिसने उस मासूम को वहां पहुंचा दिया था, कोई नही जानता। लेकिन ये प्यार या ममता तो हरगिज नहीं थी। घटना राजस्थान के जालौर में सांचौर स्थित सरहद अरणाय में थानाक्षेत्र करड़ा में गुरुवार को घटी। पत्रकार श्री अरविंद प्रताप सिंह ने पा-लो ना को चिराग पांडेय की फेसबुक पोस्ट के हवाले से बताया कि वहां एक नवजात बच्ची दिन में जमीन पर प़ड़ी... Continue Reading..
23 May 2018

रेलवे यार्ड ने दिया आश्रय, शिशु गृह में हुई मौत…

      
कुछ घंटों के उस बच्चे को न जाने कौन बरेली जंक्शन के यार्ड में छोड़ गया था। वह कोई यात्री था या आस-पास का निवासी, पता नही चल सका। लेकिन यार्ड से अस्पताल और फिर शिशु गृह पहुंचे बच्चे की मौत हो गई। बाल कल्याण समिति (सीडब्लूसी) के श्री डी.एन. शर्मा ने पा-लो ना को बताया कि एक नवजात शिशु को कोई व्यक्ति बुधवार को रेलवे के यार्ड में फेंक गया था। बच्चे को देखने से ऐसा लगता था कि उसका जन्म तीन से चार घंटे पूर्व हुआ था। उसके शरीर पर कोई कपड़ा भी नहीं था। उसे जीआरपी ने... Continue Reading..
22 May 2018

बच्ची को बचाकर भी वे अपराधी ही कहलाएंगे…

      
उस बच्ची को पार्क की एक बेंच पर छोड़ दिया गया था कुछ कपड़ों में लपेटकर। पहलेपहल लोगों को लगा कि कोई कपड़ा ऐसे ही वहां पड़ा है। जब बहुत देर तक कोई उस कपड़े को उठाने नहीं आया, तो संशय होने पर वहां घूम रही कुछ महिलाओं ने इस पर ध्यान दिया। घटना मंगलवार की शाम साढ़े पांच बजे पानीपत मॉडल टाउन स्थित एक पार्क में घटी। बाल कल्याण समिति की श्रीमती किरण मलिक ने पा-लो ना को बताया कि शहर के एक पार्क में कुछ महिलाएं शाम के समय घूम रहीं थीं। पहले उन्होंने सोचा कि वहां वैसे... Continue Reading..
21 May 2018

उस नदी में पानी नहीं, एक नवजात बच्ची थी…

      
यह एक सूखी नदी थी और उसी में वह बच्ची छोड़ दी गई थी। रात का समय था। नीरव अंधेरे में बच्ची के रोने की आवाज ने ग्रामीणों का ध्यान खींच लिया। घटना जौनपुर जनपद में रात नौ बजे बरसठी थाना अंतर्गत परियत गांव में हुई। चाईल्ड वेलफेयर कमेटी के अध्यक्ष श्री अनिल कुमार यादव ने पा-लो ना को बताया कि बच्ची को परियत ग्राम में नहर में फेंक दिया गया था। उस वक्त वहां पानी नहीं था। गर्मी की वजह से सभी नहर सूखी हुई हैं। नहर किनारे ही गांव बसा हुआ है। रात नौ बजे के आस-पास ग्रामीणों... Continue Reading..
21 May 2018

ये दिनदहाड़े किया गया कत्ल है और कातिल बेखौफ बाहर है…

      
उस सुनसान सड़क पर तेज रफ्तार एक टैम्पू अचानक रूकता है। हवा में कुछ उछाल कर उतनी ही तेजी से वहां से निकल जाता है। स्थानीय लोग यह देखने के लिए फेंकी गई चीज की तरफ दौड़ लगाते हैं कि आखिर टैम्पू से फेंका क्या गया। करीब जाकर देखने पर स्तब्ध रह जाते हैं। नीले रंग की चुन्नी में लिपटी एक नन्ही सी जान अपनी आंखों की पुतलियों को चढ़ाए आखिरी सांसे ले रही थी। घटना घैलाड़ प्रखंड के बैजनाथपुर गम्हरिया मुख्य मार्ग के दयालपुर गांव के पास सोमवार सुबह 11 बजे के आसपास घटी। स्थानीय लोगों के हवाले से... Continue Reading..
20 May 2018

मक्खियां उसके ऊपर भिनभिना रहीं थीं और वह बाहों में मुंह छुपाए थी…

      
वह अपने में ही सिमटी थी। जिंदा होती तो हाथ-पैर चलाकर अपने ऊपर मंडरा रही, चिपट रही मक्खियों को दूर भगा देती। लेकिन उसमें जान ही कहां बची थी। वह तो मात्र शव थी, जो न हिल-डुल सकती थी और न किसी बात का प्रतिरोध जता सकती थी। घटना दरभंगा जिले के स्टेशन के पास स्थित हराही तालाब पर रविवार सुबह घटी। स्थानीय पत्रकार श्री गिरीश कुमार और भाजपा नेता श्री बालेंदु ने पा-लो ना को बताया कि दरभंगा रेलवे स्टेशन के पास मौजूद हराही तालाब के किनारे पड़े नाले के कचरे में ही वह नवजात बच्ची पड़ी हुई थी।... Continue Reading..
17 May 2018

तुम्हारा शुक्र मनाएं या तुम्हें सजा दिलाएं…

      
उस प्यारी सी बच्ची को सड़क किनारे खड़ी बैलगाड़ी में छोड़ दिया गया। न उसके शरीर पर कोई कपड़ा और न कोई चादर। बस नंगे बदन यूं ही छोड़ दिया उस खाली बैलगाड़ी में। घटना बरेली के भुतो स्थित गांव पड़ौली में गुरुवार अहले सुबह घटी। पा-लो ना घटना के संबंध में बरेली सीडब्लूसी के चेयरपर्सन श्री डी.एन. शर्मा से बात की तो उन्होंने बताया कि भुतो के पड़ौली गांव में बच्ची को कोई सुबह सुबह बैलगाड़ी में रख गया था। खेत पर जाने वाले ग्रामीणों ने बच्ची के रोने की आवाज सुनी और उसे वहां से उठा लिया। पुलिस... Continue Reading..
16 May 2018

किसी को उसके वहां होने की उम्मीद नहीं थी…

      
वह लाल कपड़े में लिपटा था और कचरे के ढेर में पड़ा था। उसके ऊपर कचरा फेंकने वालों ने भी ये देखने की जहमत नहीं उठाई कि वहां सिर्फ कूड़ा ही है या कोई नवजात शिशु भी पड़ा है। शायद किसी ने उसके वहां होने की उम्मीद भी नहीं की होगी। लेकिन वह वहां मौजूद था, बिना सांसों के, बिना प्राणों के। एक सफाईकर्मी की नजर उस पर पड़ी, तब उसे वहां से निकाला गया। घटना देवघर के नगर थाना क्षेत्र के वीआईपी चौक के पास बुधवार सुबह घटी। स्थानीय पत्रकार श्री रजनीश ने पा-लो ना को बताया कि सुबह... Continue Reading..

  •  Prev
  • 1
  • …
  • 22
  • 23
  • 24
  • 25
  • 26
  • …
  • 37
  • Next 

Important links

  • Video Gallery (YouTube)
  • Art Gallery
  • Victims of Infanticide
  • Supports

About Us

PaaLoNaa is a cause dedicated to those infants who have been shunned by their own parents. These infants are adandoned in deserted public places like railway lines, ponds, bushes, forests, barren lands for some or the other reasons, compulsions, fears or greed.

Explore PaaLoNaa

  • About Us
  • Photo Gallery
  • Video Gallery (YouTube)
  • Art Gallery
  • Artists
  • CARA
  • CARINGS
  • NCPCR
  • Childline India Foundation
  • PaaLoNaa In Media
  • Media On Infanticide
  • Related Stories
  • The Support

Important Links

State-wise data of Infant spottings
Our Members
The Victims
The Terms & Conditions
© 2023 PaaLoNaa: An initiative of Ashrayani Media Associates & Refined Look Magazine, Supported by Ashrayani Foundation against INFANTICIDE & ABANDONMENT of INFANTS. All rights reserved | Powered by Paalonaa