27 May 2018
लड़की थी, इसलिए मारना चाहते थे क्या उसे
BY मोनिका आर्य
बच्चे का सीडब्लूसी के ऑफिस पहुंचना नहीं, बल्कि अस्पताल पहुंचना है जरूरी सांचौर में जमीन में दबी मिली थी नवजात बच्ची नामालूम सी एक खामोशी ओढ़े वह चुपचाप लेटी थी वहां। ऊपर जलता सूरज, नीचे तपती धरती। बीच में वो, एकदम नंगे बदन, दायीं करवट लेटे, मिट्टी में लथपथ। वो वहां है, मालूम ही कहां हो रही थी। तब तक, जब तक उसके पास पड़ी एक बड़ी लकड़ी को उठा कर साइड में फेंक नहीं दिया गया।शायद आसपास हो रही हलचल ने चिर निद्रा में विलीन होती उसकी बेहोशी को तोड़ दिया था, या शायद ये जीवन की दस्तक थी,... Continue Reading..
